राजस्थान में सर्दी ने अचानक रफ्तार पकड़ ली है और राज्य भर में तापमान लगातार गिरता जा रहा है। शीतलहर का असर सबसे ज्यादा शेखावाटी क्षेत्र—सीकर, चूरू और झुंझुनूं—में देखने को मिल रहा है, जहां कई जगह रात का तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से भी नीचे पहुंच गया है। गुरुवार रात सीकर के फतेहपुर में न्यूनतम तापमान 2.2 डिग्री दर्ज किया गया, जो राज्य का सबसे ठंडा स्थान रहा। मौसम विभाग ने इन क्षेत्रों के लिए शीतलहर का अलर्ट जारी किया है और अगले 48 घंटों में तापमान और नीचे जाने की संभावना जताई है।
राजस्थान के पश्चिमी हिस्सों में दिन के तापमान में हल्की गर्माहट महसूस हुई, जिसमें बाड़मेर सबसे गर्म रहा और यहां अधिकतम तापमान 29.6 डिग्री दर्ज किया गया। दूसरी ओर, फतेहपुर की कड़ाके की सर्दी ने मौसम के तेवर साफ कर दिए कि दिसंबर की शुरुआत बेहद ठंडी रहने वाली है।
मौसम विभाग के अनुसार, एक ही दिन में तापमान में ढाई डिग्री तक की गिरावट दर्ज की गई है, जिससे रात का मौसम काफी सर्द हो गया है। लोग अब केवल कंबल नहीं, बल्कि रजाइयों का सहारा ले रहे हैं। शाम ढलते ही प्रमुख शहरों में लोग अलाव तापते दिखाई दे रहे हैं।
जयपुर मौसम केंद्र के अनुसार पिछले 24 घंटों में कई प्रमुख शहरों में न्यूनतम तापमान इस प्रकार रहा:
अजमेर 11.1°, भीलवाड़ा 12°, अलवर 5°, जयपुर 10.7°, पिलानी 5.4°, सीकर 3.8°, कोटा 12.8°, चूरू 4.7°, श्रीगंगानगर 7.5°, झुंझुनूं 6.1° और फतेहपुर न्यूनतम 2.2°।
इन आंकड़ों से साफ है कि उत्तर-पूर्वी राजस्थान में ठंड का असर सबसे ज्यादा है।
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, आने वाले दिनों में उत्तरी हवाएं और तेज होंगी, जिससे तापमान में 1–2 डिग्री की और गिरावट हो सकती है। शेखावाटी में न्यूनतम तापमान 2 डिग्री से नीचे भी जा सकता है। इसके लिए मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है और किसानों व आम जनता को सुबह-शाम विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है।
राजस्थान में आगामी एक सप्ताह तक मौसम शुष्क रहेगा और ठंड का असर और बढ़ेगा। विभाग का कहना है कि तीन दिन बाद मौसम में मामूली बदलाव संभव है, पर फिलहाल कड़ाके की सर्दी से राहत मिलने के आसार नहीं हैं।


